1. बहुत नन्ही सी परिभाषा है प्रेम की, मैं शब्द तुम अर्थ, तुम बिन मेरा जीवन व्यर्थ।

2. आंखे थक गयी हैं आसमान को देखते देखते, पर वो तारा नहीं टूटता, जिसे देखकर तुम्हें मांग लूँ।

3. लोग नये साल में बहुत कुछ मांगेंगे, पर मुझे तो तुम्हारा वही पुराना साथ चाहिए।

4. तिनका सा मैं और समंदर सा इश्क़, डूबने का डर और डूबना ही इश्क़।

5. छोटी सी List है मेरी ख्वाहिशों की, पहली Tum और आखरी भी Tum.

6. तेरी जुल्फ तेरे रुखसार नहीं देखे जाते, इतने सुंदर हो कि लगातार नहीं देखे जाते।

7. दिन हूँ मैं मेरी शाम तुम हों, नींद हूँ मैं मेरा ख्वाब तुम हों, लब हूँ मैं मेरी बात तुम हो, तब हूँ मैं जब मेरे साथ तुम हों।

8. मैं दिसम्बर तू जनवरी, रिश्ता काफी नजदीक का और दूरी साल भर की।

9. मिलकर भी मिलने की जिद बहुत करती है, हाँ वो लड़की मुझसे इश्क़ बेहद करती है।

10. किसी को सिर्फ चाहना ही इश्क़ नहीं है, सुबह शाम उसकी जान खाना भी इश्क़ है।